अब जज्बे को मिलेगा शुरक्षा का साथ , आईटी सेल जिला अध्यक्ष की ओर से एएनएम रानी समेत तीन स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं को दिया जाएगा लाइफ जैकेट

गणेश मिश्रा
बीजापुर। इंद्रावती नदी में जान जोखिम में डालकर पार कर अबूझमाड़ के इलाकों में अपनी सेवाएं दे रहीं स्वास्थ्य कार्यकर्ता रानी मंडावी पर आधारित खबर को माड़ के ग्रामीणां की जान बचाने के लिए जान पर खेलती है रानी शीर्षक से स्थानीय मीडिया में प्रमुखता के साथ प्रकाशित किया गया था। इस खबर के प्रकाशन के बाद मामले की गंभीरता को देखते हुए एएनएम रानी मंडावी के साथ बेलनार, ताकीलोड, पल्लेवाया इलाके में अपनी सेवाएं दे रहें आरएचओ राममूर्ति व एक अन्य महिला कार्यकर्ता को सुरक्षा पूर्ण नदी पार करने के लिए जिला कांग्रेस कमेटी के आईटी सेल जिलाध्यक्ष मोहित चौहान द्वारा तीनों कार्यकर्ताओं को लाइफ सपोर्ट जैकेट प्रदान करने की घोषणा की गई है।
विदित हो कि रानी मंडावी के साथ तीनों कार्यकर्ता पिछले चार सालों से जान जोखिम में डालकर उफनते इंद्रावती नदी को पार कर बरसात के दिनों में हर रोज करीब साढ़े चार सौ लोगों का इलाज करते आए हैं। लोगों को स्वास्थ्य सुविधाओं का लाभ दिलाने के लिए अपनी जान की परवाह किए बिना माड़ इलाके में सेवा दे रहे उन कार्यकर्ताओं की सुरक्षा के लिए आईटी सेल के जिलाध्यक्ष द्वारा एक सप्ताह के अंदर लाइफ जैकेट उपलब्ध कराने का आश्वासन दिया है। विदित हो कि बरसात के शुरू होते ही नदी नालों में आने वाले बाड़ के चलते नदी पार ड्यूटी करने वाले कर्मचारियों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ता है, बावजूद भैरमगढ़ विकासखंड के बेलनार में पदस्थ एएनएम रानी मंडावी अपने तीन साथियों के साथ उफनते इंद्रावती नदी में डोंगी के माध्यम से या सीने भर पानी को पार करने के प्श्चात करीब से दस से बारह किमी दूर बसे गांव में पैदल ही पहुंचकर पिछले चार वर्षों से अपनी सेवाएं दे रहे हैं। इनके इस साहसिक कार्य के चलते विभाग भी इनकी भूरि-भूरि प्रशंसा कर रही है। 2015 में संविदा से नियमित होने के बाद पहली बार रानी की पोस्टिंग बेलनार उपस्वास्थ्य केंद्र में हुई थी। पोस्टिंग के बाद रानी के लिए सबसे बड़ी चुनौती फिल्ड तक पहुंचने की थी, परंतु उसके साहस के आगे उफनते इंद्रावती नदी को भी हार मानना पड़ गया। क्योंकि सेवा और ड्यूटी के जज्बे ने उसे उफनते नदी को पार कर पैदल ही अपने कर्मभूमि तक पहुंचा दिया। इस दौरान दो तीन बा वह डोंगी से नदी को पार करने के दौरान बीच मझधार में फंस भी चुकी थी, परंतु किसी तरह वह नाविक की सुझबुझ के चलते बच पाई। इस मामले को लेकर खबर प्रकाषन के बाद शासन-प्रशासन को छोड़कर समाजसेवी और राजनीति से जुड़े लोगों के हाथ इनके मदद के लिए स्वतः ही आगे बढ़ने लगे, जिनमें जिला कांग्रेस कमेटी के आईटी सेल जिलाध्यक्ष मोहित चौहान भी शामिल है। जिन्होंने जान जोखिम में डालकर नदी पार करने वाले रानी मंडावी समेत तीनों कार्यकर्ताओं को एक सप्ताह के अंदर निःशुल्क लाइफ जैकेट प्रदान करने की घोषणा की है।

गणेश मिश्रा