Site icon Bhumkal Samachar

अडानी के खिलाफ आंदोलन की बड़ी सफलता, सरकार ने लिया बड़ा फैसला


पेड़ों की कटाई होगी बंद और फर्जी ग्राम सभा की होगी जांच
अदानी के सारे काम तत्काल प्रभाव से रोके

किरन्दुल । बैलाडीला के 13 नम्बर निक्षेप नन्दीराज पहाड़ को खनन के लिए अडानी को सौंपे जाने के खिलाफ 84 गांव के हजारों आदिवासियों आंदोलन के पक्ष में अब खुद छत्तीसगढ़ सरकार खड़े हो गई है ।

किरंदूल में 13 नंबर डिपोजिट के खनन की
अनुमति अदानी को दिये जाने के खिलाफ आदिवासियों के पांच दिन से चल रहे आंदोलन की सुखद परिणति होती दिख रही हैं.

छत्तीसगढ़ सरकार ने आज जगदलपुर सांसद.दीपक बैज और आदिवासी नेता अरविंद नेताम के प्रतिनिधि मंडल को आश्वासन दिया है कि अदानी को पिछली सरकार द्वारा नंदराज पर्वत पर  पेड काटने की अनुमति रद्द कर.दी गई  है साथ ही ग्रामीणों की इस शिकायत को मान लिया गया. हैं कि फर्जी ग्राम सभायें की गई थीं अब उन सभी ग्राम सभाओं की जांच की जायेगी.

एक तरह से बस्तर में अदानी के काम पर रोक ही लग गई है .मुख्यमंत्री ने प्रतिनिधिमंडल के साथ हुई बातचीत के बाद बड़ा फैसला लेते हुए तत्काल इस बात का निर्देश दिया है कि नंदराज पर्वत और उसके आसपास होने वाली पेड़ों की कटाई पर तत्काल प्रभाव से रोक लगायी जाये। वन.मंंत्री मोहम्मद अकबर भी थे चर्चा मेंं मोजूद ,जो पहले से कह रहे है कि पेड़ो को काटने की अनुमति हमारी सरकार ने नहींं दी हैं ।

मुख्यमंत्री ने यह भी  कहा कि अदानी के सभी कार्यों पर तत्काल  प्रभाव रोक लगायी जायेगी। साथ अदानी के साथ हुये अनुबंध  को लेकर बस्तरवासियों की भावनाओं को लेकर छत्तीसगढ़ सरकार भारत सरकार को पत्र लिखेगी और जनता की भावनाओं की जानकारी देगी।

इधर आन्दोलन के पांचवे दिन सुकमा जिला पंचायत के अध्यक्ष हरीश कवासी सौ गाड़ियों के काफिले के साथ हजारों समर्थकों के साथ आंदोलन को समर्थन देने पहुंचे । उन्होंने अपने भाषण में कहा कि भाजपा सरकार ने फर्जी ग्राम सभा कर पूरे प्रदेश में आदिवासियों के जल जंगल और जमीन को छिनने का काम किया है , उन्होंने इस आंदोलन की सफलता के लिए छत्तीसगढ़ सरकार को भी धन्यवाद दिया कि आंदोलन को भाजपा सरकार की तरह कुचलने की कोशिश नही हुई , भाजपा सरकार के समय तो लोगो को आंदोलन करने की भी छूट नही थी ।

Exit mobile version